Part-1 Historical Background | Indian Polity for UPSC
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Part-1 Historical Background | Indian Polity for UPSC

Bookstawa

5 chapters5 takeaways10 key terms5 questions

Overview

यह वीडियो भारतीय संविधान के ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और निर्माण की कहानी की शुरुआत करती है। यह 1917 के मोंटेगू घोषणा से शुरू होती है, जिसमें ब्रिटिश सरकार ने भारत में एक जिम्मेदार सरकार स्थापित करने की मंशा जताई थी। वीडियो 1919 के भारत सरकार अधिनियम, साइमन कमीशन, तीन गोलमेज सम्मेलनों और 1935 के भारत सरकार अधिनियम जैसे महत्वपूर्ण ऐतिहासिक घटनाओं और अधिनियमों पर प्रकाश डालता है, जो भारत में स्व-शासन और एक संविधान सभा की मांग की ओर ले गए। यह बताता है कि कैसे धीरे-धीरे भारतीयों को प्रशासन में शामिल किया गया और प्रांतीय स्वायत्तता की ओर कदम बढ़ाए गए।

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Chapters

  • 1917 की मोंटेगू घोषणा में ब्रिटिश सरकार ने भारत में धीरे-धीरे 'जिम्मेदार सरकार' बनाने का इरादा जताया।
  • जिम्मेदार सरकार का मतलब है ऐसी सरकार जो जनता की पसंद पर टिकी रहे।
  • यह घोषणा भारत में स्व-शासन (self-government) की दिशा में एक पहला कदम थी।
यह घोषणा भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ थी, जिसने भविष्य में स्व-शासन की नींव रखी।
मोंटेगू घोषणा, जिसमें ब्रिटिश सरकार ने भारत में धीरे-धीरे जिम्मेदार सरकार बनाने की बात कही।
  • इस अधिनियम ने भारतीयों की प्रशासनिक हिस्सेदारी बढ़ाई, जैसे वाइस-रॉय की कार्यकारी परिषद में भारतीयों की संख्या एक से तीन कर दी गई।
  • विधायी परिषद के अधिकांश सदस्यों का चुनाव प्रत्यक्ष मतदान द्वारा किया जाना था, जिससे 1920 में पहले आम चुनाव हुए।
  • इस अधिनियम ने केंद्रीय लोक सेवा आयोग (Central Public Service Commission) के गठन का भी प्रावधान किया।
  • इसमें यह भी कहा गया कि अधिनियम के 10 साल बाद (1929 में) एक आयोग इसके प्रभाव की समीक्षा करेगा।
यह अधिनियम भारतीयों को शासन में अधिक भागीदारी देने और चुनाव प्रक्रिया शुरू करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम था।
वाइस-रॉय की कार्यकारी परिषद में भारतीयों की संख्या एक से बढ़ाकर तीन करना।
  • 1919 अधिनियम की समीक्षा के लिए 1927 में साइमन कमीशन का गठन किया गया, जो 1928 में भारत आया।
  • साइमन कमीशन की रिपोर्ट पर चर्चा के लिए 1930-1932 के बीच लंदन में तीन गोलमेज सम्मेलन (Round Table Conferences) आयोजित किए गए।
  • इन सम्मेलनों में भारतीय नेताओं, रजवाड़ों और अन्य समूहों ने भाग लिया।
इन सम्मेलनों ने भारत के भविष्य के लिए संवैधानिक सुधारों पर चर्चा के लिए एक मंच प्रदान किया, भले ही वे सीधे तौर पर सफल न रहे हों।
1930 से 1932 के बीच तीन गोलमेज सम्मेलनों का आयोजन।
  • गोलमेज सम्मेलनों के आधार पर 1935 का भारत सरकार अधिनियम लाया गया, जिसने प्रांतों को स्वायत्त (autonomous) बनाया और वहां जिम्मेदार सरकारें स्थापित कीं।
  • इस अधिनियम ने वोटिंग अधिकार का विस्तार भी किया।
  • 1934 में एम.एन. रॉय ने पहली बार एक संविधान सभा (Constituent Assembly) बनाने का विचार दिया।
  • 1935 में कांग्रेस ने भी आधिकारिक तौर पर संविधान सभा की मांग की, जिसे 1938 में नेहरूजी ने और आगे बढ़ाया, जिसमें केवल भारतीयों के होने पर जोर दिया गया।
यह अधिनियम प्रांतीय स्वायत्तता की ओर एक बड़ा कदम था, और संविधान सभा की मांग ने भारत के अपने संविधान के निर्माण की दिशा तय की।
1934 में एम.एन. रॉय द्वारा संविधान सभा बनाने का पहला विचार प्रस्तुत करना।
  • 1940 में ब्रिटिश सरकार ने 'अगस्त प्रस्ताव' जारी किया।
  • इस प्रस्ताव में पहली बार भारतीयों द्वारा चुनी गई एक संविधान सभा के विचार को स्वीकार किया गया।
  • यह भारतीयों की संविधान सभा की मांग की दिशा में एक महत्वपूर्ण स्वीकृति थी।
यह प्रस्ताव भारतीयों की संविधान निर्माण की इच्छा को ब्रिटिश सरकार द्वारा दी गई पहली औपचारिक स्वीकृति थी।
अगस्त प्रस्ताव, जिसमें भारतीयों की संविधान सभा की मांग को स्वीकार किया गया।

Key takeaways

  1. 1जिम्मेदार सरकार का विचार भारत में स्व-शासन की दिशा में पहला महत्वपूर्ण कदम था।
  2. 21919 और 1935 के भारत सरकार अधिनियमों ने भारतीयों को शासन में अधिक भागीदारी दी और प्रांतीय स्वायत्तता की शुरुआत की।
  3. 3साइमन कमीशन और गोलमेज सम्मेलनों ने संवैधानिक सुधारों पर चर्चा के लिए मंच प्रदान किया।
  4. 4संविधान सभा का विचार एम.एन. रॉय द्वारा प्रस्तुत किया गया और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस द्वारा इसे आगे बढ़ाया गया।
  5. 5अगस्त प्रस्ताव 1940 में भारतीयों द्वारा चुनी गई संविधान सभा के विचार की पहली औपचारिक स्वीकृति थी।

Key terms

Responsible GovernmentSelf-GovernmentDominion StatusGovernment of India Act 1919Montagu-Chelmsford ReformsSimon CommissionRound Table ConferencesGovernment of India Act 1935Constituent AssemblyAugust Offer

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  1. 11917 की मोंटेगू घोषणा में 'जिम्मेदार सरकार' का क्या मतलब था और यह क्यों महत्वपूर्ण थी?
  2. 2भारत सरकार अधिनियम 1919 ने भारतीय प्रशासन में भारतीयों की भागीदारी को कैसे बढ़ाया?
  3. 3साइमन कमीशन का गठन क्यों किया गया था और इसके बाद क्या हुआ?
  4. 4संविधान सभा बनाने का विचार पहली बार किसने और कब प्रस्तावित किया?
  5. 5अगस्त प्रस्ताव 1940 ने भारतीयों की संविधान सभा की मांग के संबंध में क्या महत्वपूर्ण बात स्वीकार की?

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