
BOS,CHoCH & INDUCEMENT In SMC | HINDI | BANKNIFTY| LECTURE~3
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Overview
यह वीडियो स्ट्रक्चर मैपिंग की अवधारणा को समझाता है, जो बैंक निफ्टी जैसे इंस्ट्रूमेंट्स में ट्रेडिंग के लिए SMC (स्मार्ट मनी कॉन्सेप्ट) का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसमें तीन मुख्य घटकों - ब्रेक ऑफ स्ट्रक्चर (BOS), चेंज ऑफ कैरेक्टर (CHoCH), और इंड्यूसमेंट (IDM) - पर विस्तार से चर्चा की गई है। वीडियो बताता है कि कैसे ये घटक ट्रेंड की निरंतरता या बदलाव को पहचानने में मदद करते हैं और चार्ट पर वास्तविक हायर हाई और हायर लो को कैसे मार्क किया जाए। इसमें लाइव चार्ट उदाहरणों के साथ इन अवधारणाओं को स्पष्ट किया गया है, जिसमें वैलिड और इनवैलिड स्विंग की पहचान भी शामिल है।
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Chapters
- स्ट्रक्चर मैपिंग SMC का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
- इसमें तीन मुख्य घटक होते हैं: ब्रेक ऑफ स्ट्रक्चर (BOS), चेंज ऑफ कैरेक्टर (CHoCH), और इंड्यूसमेंट (IDM)।
- ये घटक मिलकर ट्रेंड की दिशा और संभावित बदलावों को समझने में मदद करते हैं।
- BOS तब होता है जब कीमत अपने पिछले हायर हाई (अपट्रेंड में) या लोअर लो (डाउनट्रेंड में) को तोड़ती है।
- अपट्रेंड में, हायर हाई को तोड़ने पर BOS होता है, जो ट्रेंड की निरंतरता को दर्शाता है।
- डाउनट्रेंड में, लोअर लो को तोड़ने पर BOS होता है, जो ट्रेंड की निरंतरता को दर्शाता है।
- BOS एक ट्रेंड के जारी रहने का संकेत है।
- CHoCH तब होता है जब कीमत अपने ट्रेंड के विपरीत दिशा में एक महत्वपूर्ण स्ट्रक्चरल लेवल को तोड़ती है।
- अपट्रेंड में, जब कीमत हायर लो को तोड़ देती है, तो यह CHoCH होता है, जो ट्रेंड के डाउनट्रेंड में बदलने का संकेत देता है।
- डाउनट्रेंड में, जब कीमत लोअर हाई को तोड़ देती है, तो यह CHoCH होता है, जो ट्रेंड के अपट्रेंड में बदलने का संकेत देता है।
- CHoCH एक ट्रेंड रिवर्सल का संकेत है।
- IDM (इंडोर्समेंट) एक ऐसा स्विंग पॉइंट होता है जो वास्तविक हायर हाई या लोअर लो की पुष्टि करता है।
- अपट्रेंड में, हायर हाई की पुष्टि के लिए, कीमत को अपने पिछले हायर हाई के बाईं ओर के स्विंग पॉइंट (IDM) को लेना होता है।
- डाउनट्रेंड में, लोअर लो की पुष्टि के लिए, कीमत को अपने पिछले लोअर लो के बाईं ओर के स्विंग पॉइंट (IDM) को लेना होता है।
- IDM को अक्सर लिक्विडिटी ग्रैब के रूप में देखा जाता है।
- BOS और CHoCH के लिए बॉडी क्लोजिंग आवश्यक है, न कि केवल वीक का बनना।
- IDM के लिए बॉडी क्लोजिंग आवश्यक नहीं है; वीक का बनना या स्विंग को टैप करना भी पर्याप्त हो सकता है।
- BOS और CHoCH के लिए, यदि वीक बनती है, तो अगली कैंडल को उस वीक के ऊपर (अपट्रेंड में) या नीचे (डाउनट्रेंड में) बॉडी क्लोज करनी होगी।
- IDM हमेशा हायर हाई/लोअर लो के बाईं ओर का सबसे नजदीकी स्विंग पॉइंट होता है।
- डाउनट्रेंड में, लोअर लो को IDM द्वारा कंफर्म किया जाता है, और लोअर हाई को BOS के बाद कंफर्म किया जाता है।
- जब ट्रेंड बदलता है (CHoCH), तो पिछला लोअर लो या हायर हाई चौक पॉइंट बन जाता है।
- अपट्रेंड में, हायर हाई को IDM द्वारा कंफर्म किया जाता है, और हायर लो को BOS के बाद कंफर्म किया जाता है।
- चार्ट पर वास्तविक स्ट्रक्चर मैपिंग के लिए वैलिड स्विंग और इनवैलिड स्विंग की पहचान महत्वपूर्ण है।
Key takeaways
- बाजार की संरचना को समझने के लिए ब्रेक ऑफ स्ट्रक्चर (BOS), चेंज ऑफ कैरेक्टर (CHoCH), और इंड्यूसमेंट (IDM) महत्वपूर्ण अवधारणाएं हैं।
- BOS ट्रेंड की निरंतरता का संकेत देता है, जबकि CHoCH ट्रेंड के संभावित रिवर्सल का संकेत देता है।
- IDM वास्तविक हायर हाई और लोअर लो की पुष्टि करने में मदद करता है, और यह अक्सर लिक्विडिटी ग्रैब के रूप में कार्य करता है।
- BOS और CHoCH के लिए बॉडी क्लोजिंग आवश्यक है, जबकि IDM के लिए वीक का बनना भी पर्याप्त हो सकता है।
- हमेशा हायर हाई/लोअर लो के बाईं ओर के सबसे नजदीकी स्विंग पॉइंट को IDM के रूप में देखें।
- ट्रेंड रिवर्सल की पहचान के लिए CHoCH को समझना महत्वपूर्ण है।
- स्ट्रक्चर मैपिंग में वैलिड और इनवैलिड स्विंग की पहचान करना सटीक विश्लेषण के लिए आवश्यक है।
Key terms
Test your understanding
- अपट्रेंड में ब्रेक ऑफ स्ट्रक्चर (BOS) कैसे पहचाना जाता है और यह क्या दर्शाता है?
- चेंज ऑफ कैरेक्टर (CHoCH) क्या है और यह ट्रेंड में किस प्रकार के बदलाव का संकेत देता है?
- इंड्यूसमेंट (IDM) क्या है और यह हायर हाई या लोअर लो की पुष्टि कैसे करता है?
- BOS और IDM के बीच मुख्य अंतर क्या हैं, खासकर बॉडी क्लोजिंग के संबंध में?
- लाइव चार्ट पर स्ट्रक्चर मैपिंग करते समय वैलिड स्विंग की पहचान क्यों महत्वपूर्ण है?